आवासीय कॉलोनियों की समस्याओं को लेकर 16 समितियां एकजुट, कलेक्टर से की हस्तक्षेप की माँग
बिलासपुर शहर की विभिन्न आवासीय कॉलोनियों और अपार्टमेंट्स में रहने वाले नागरिकों को मूलभूत सुविधाओं और प्रबंधन संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इन्हीं समस्याओं के समाधान की मांग को लेकर शहर की 16 आवासीय समितियों ने एकजुट होकर जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा है और आज प्रेस वार्ता में प्रबंधन ने कहा कि बिल्डरों द्वारा ब्रोशर में किए गए कई वादे पूरे नहीं किए जा रहे हैं। निर्माण कार्य पूर्ण होने के बाद भी कॉलोनियों और अपार्टमेंट्स में आवश्यक सुविधाओं की कमी बनी हुई है, जिससे रहवासियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।समितियों ने मांग की है कि किसी भी आवासीय कॉलोनी या अपार्टमेंट को पूर्णता प्रमाण पत्र जारी करने से पहले संबंधित विभाग द्वारा भौतिक सत्यापन कराया जाए। साथ ही यह सुनिश्चित किया जाए कि बिल्डर ने ब्रोशर में दर्शाई गई सभी सुविधाएं उपलब्ध कराई हैं या नहीं। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी चिंता जताई गई है। समितियों का कहना है कि कई आवासीय परिसरों में फायर सेफ्टी और नियमित फायर ऑडिट की व्यवस्था नहीं है, जिससे भविष्य में दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है।इसके अलावा शहर की अधिकांश आवासीय कॉलोनियों और अपार्टमेंट्स का हस्तांतरण अब तक संबंधित आवासीय समितियों को नहीं किया गया है। इसके कारण बिल्डरों का हस्तक्षेप बना रहता है और समितियों को स्वतंत्र रूप से कार्य करने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।
आवासीय समितियों ने जिला प्रशासन, नगर निगम, भवन विभाग और अन्य संबंधित विभागों से हस्तक्षेप कर समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की है, ताकि शहर के हजारों परिवारों को बेहतर और सुरक्षित आवासीय वातावरण मिल सके।





