
बिलासपुर। मराठी नववर्ष के पावन पर्व गुड़ी पड़वा के अवसर पर आई तुळजा भवानी मंदिर में श्रद्धा और उल्लास के साथ पूजा-अर्चना का आयोजन किया गया। इस अवसर पर श्रद्धालुओं ने माता तुळजा भवानी के दर्शन कर प्रदेश एवं समाज की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की। मंदिर परिसर में पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ गुड़ी की स्थापना की गई और सभी ने एक-दूसरे को नववर्ष की शुभकामनाएं दीं।
कार्यक्रम में समाज के अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे। इस दौरान अध्यक्ष शशांक चौहान, उपाध्यक्ष प्रणय बाकरे, जीवन भोसले, भगवन्त शिंदे, सुधाकर बिबे, शोभा बिबे, आस्था बाकरे, सरिता सदाफले, राखी गायकवाड़, भारती भोसले, बादल बाकरे, भावेश बड़े, सनम पवार रीना सड़फले, श्वेता चौहान और मयंक हमेल सहित अन्य श्रद्धालु बड़ी संख्या में मौजूद रहे।
उपस्थित लोगों ने कहा कि गुड़ी पड़वा भारतीय संस्कृति और परंपराओं का प्रतीक पर्व है, जो हमें नई शुरुआत, सकारात्मक सोच और एकता का संदेश देता है। इस अवसर पर सभी ने मिलकर समाज में आपसी भाईचारे और सद्भाव बनाए रखने का संकल्प लिया।
मंदिर में पूरे दिन श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रही और भक्तों ने माता तुळजा भवानी से परिवार, समाज और देश की उन्नति के लिए प्रार्थना की।






